चमत्कार के नाम पर परोसा जा रहा था ‘पाप’: पामगढ़ पुलिस ने हिमाचल से दबोचा ढोंगी बाबा, महिला से अनाचार और ब्लैकमेलिंग का आरोप

जांजगीर-चांपा। धर्म और चमत्कार की आड़ में महिलाओं की अस्मत से खिलवाड़ करने वाले एक ढोंगी बाबा के काले साम्राज्य का पामगढ़ पुलिस ने पर्दाफाश किया है। शरीर का दर्द ठीक करने का झांसा देकर महिला से अनाचार करने वाले आरोपी स्वामी निर्मल जी उर्फ निर्मल बाबा (60 वर्ष) को पुलिस ने हिमाचल प्रदेश के धर्मशाला से गिरफ्तार करने में बड़ी सफलता हासिल की है। आरोपी न केवल दुष्कर्म करता था, बल्कि पीड़िता को सोशल मीडिया पर अश्लील फोटो वायरल कर ब्लैकमेल भी कर रहा था।
भरोसे की आड़ में बुना गया जाल
मिली जानकारी के अनुसार, घटना की शुरुआत चैत्र नवरात्रि के दौरान हुई जब आरोपी ‘निर्मल बाबा’ पदयात्रा करते हुए पामगढ़ क्षेत्र के एक गांव पहुँचा था। खुद को चमत्कारी बताकर लोगों की समस्याएं दूर करने का दावा करने वाले इस बाबा के झांसे में पीड़िता अपनी सहेली के साथ आ गई। आरोपी ने पीड़िता का हाथ देखकर उसका इलाज करने का भरोसा दिलाया और मोबाइल नंबर ले लिया।
मैहर के होटल में किया अनाचार
बीते 26 मार्च को आरोपी ने पीड़िता को पामगढ़ बाजार बुलाया और ‘प्रसाद’ के बहाने उसे अपने साथ चलने के लिए राजी कर लिया। आरोपी उसे बिलासपुर से ट्रेन के जरिए मध्य प्रदेश के मैहर ले गया। वहां एक होटल में ठहराकर ‘इलाज’ के नाम पर उसके साथ बार-बार जबरदस्ती अनाचार किया गया। वारदात को अंजाम देने के बाद, 1 अप्रैल को आरोपी पीड़िता को बिलासपुर स्टेशन पर छोड़कर फरार हो गया।
सोशल मीडिया पर अश्लील फोटो वायरल कर दी धमकी
पीड़िता जब अपने घर लौटी, तो आरोपी उसे फोन पर धमकाने लगा। पीड़िता द्वारा नंबर ब्लॉक करने पर आरोपी ने उसकी फर्जी इंस्टाग्राम आईडी बनाई और पीड़िता की अश्लील तस्वीरें सोशल मीडिया पर पोस्ट कर दीं। इस प्रताड़ना से तंग आकर पीड़िता ने 11 अप्रैल 2026 को थाना पामगढ़ में अपनी रिपोर्ट दर्ज कराई।
हिमाचल में दी दबिश, सलाखों के पीछे पहुँचा ‘बाबा‘
प्रभारी पुलिस अधीक्षक श्रीमती निवेदिता पाल के निर्देशन और एएसपी उमेश कुमार कश्यप के मार्गदर्शन में पामगढ़ पुलिस ने तत्काल एक टीम गठित की। एसडीओपी अकलतरा प्रदीप कुमार सोरी के नेतृत्व में पुलिस टीम ने तकनीकी साक्ष्यों के आधार पर हिमाचल प्रदेश के धर्मशाला में दबिश दी।
आरोपी मूल रूप से नाशिक (महाराष्ट्र) का रहने वाला है। उसे धर्मशाला से गिरफ्तार कर लाया गया है। आरोपी के खिलाफ BNS की धारा 64(2)(एम) और आईटी एक्ट की धारा 67 के तहत कार्रवाई की गई है।
इनकी रही सराहनीय भूमिका
इस पूरी कार्रवाई में निरीक्षक सावन सारथी (थाना प्रभारी पामगढ़), प्रधान आरक्षक रामलाल मारकंडेय, आरक्षक सूरज सिंह पाटले और नवनी रात्रे का विशेष योगदान रहा। आरोपी को गिरफ्तार कर न्यायिक रिमांड पर भेज दिया गया है।




