अजब-गजब: अंबिकापुर में तस्करों को पकड़ने गई पुलिस की ‘बोलेरो’ ही ले उड़ा चोर, DSP के मोबाइल ने ऐसे खुलवाई पोल

अंबिकापुर: छत्तीसगढ़ के सरगुजा जिले से एक ऐसी खबर सामने आई है जिसने खाकी की सुरक्षा व्यवस्था पर बड़े सवाल खड़े कर दिए हैं। यहाँ गांजा तस्करों पर रेड मारने निकली पुलिस की टीम उस वक्त हक्का-बक्का रह गई, जब एक शातिर चोर पुलिस की ही सरकारी बोलेरो गाड़ी लेकर रफूचक्कर हो गया। हालांकि, एक छोटी सी चूक ही पुलिस के लिए वरदान साबित हुई और आरोपी सलाखों के पीछे पहुँच गया।
रेड के दौरान ‘लूट’ गई पुलिस की गाड़ी
मिली जानकारी के अनुसार, प्रशिक्षु डीएसपी निशांत कुर्रे कोतवाली थाने के स्टाफ के साथ सत्तीपारा इलाके में गांजा तस्करों की घेराबंदी करने पहुँचे थे। पुलिस टीम जैसे ही गाड़ी से उतरकर आरोपियों की तलाश में गली के अंदर घुसी, मौके का फायदा उठाकर मुकेश नामदेव नामक चोर ने पुलिस की बोलेरो पर हाथ साफ कर दिया और गाड़ी लेकर फरार हो गया।
डीएसपी का मोबाइल बना ‘काल’, ऐसे पकड़ा गया चोर
घटना के बाद विभाग में हड़कंप मच गया। गनीमत यह रही कि प्रशिक्षु डीएसपी का मोबाइल फोन बोलेरो के भीतर ही रह गया था। साइबर सेल ने तत्काल मोबाइल लोकेशन ट्रैक करना शुरू किया। लोकेशन शहर के भीतर राम मंदिर क्षेत्र के पास मिली। पुलिस ने घेराबंदी कर आरोपी मुकेश नामदेव को धर दबोचा और बोलेरो सहित चाबी बरामद कर ली।
हौसले बुलंद या पुलिस की लापरवाही?
इस घटना ने शहर में चर्चाओं का बाजार गर्म कर दिया है। लोग सवाल उठा रहे हैं कि क्या अपराधियों के हौसले इतने बुलंद हो गए हैं कि उन्हें अब पुलिस का भी खौफ नहीं रहा? जिस समय पुलिस खुद एक्शन मोड में थी, उसी दौरान उनकी गाड़ी चोरी हो जाना सुरक्षा में एक बड़ी सेंध मानी जा रही है।
आगे की कार्रवाई
फिलहाल पुलिस ने आरोपी को गिरफ्तार कर लिया है और उससे पूछताछ की जा रही है कि क्या वह किसी बड़े गिरोह का हिस्सा है या उसने महज नशे या सनक में आकर इस वारदात को अंजाम दिया। पुलिस अब इस बात की भी जांच कर रही है कि गाड़ी लॉक थी या नहीं और चोर ने इतनी आसानी से उसे कैसे स्टार्ट किया।




