गुरु सहसराम देव जयंती मेला का भव्य समापन, विशाल शोभा एवं संस्कार यात्रा बनी आकर्षण का केंद्र

सूर्यांश धाम खोखरा में तीन दिवसीय जयंती समारोह संपन्न, पूर्व नेता प्रतिपक्ष नारायण चंदेल ने गुरु सहसराम देव को सामाजिक परिवर्तन और शिक्षा जागरण का ध्वजवाहक बताया।
🔴 Aaj Ki Baat News | जांजगीर चाम्पा
सूर्यांश धाम खोखरा में आयोजित तीन दिवसीय गुरु सहसराम देव जयंती मेला का भव्य समापन विशाल शोभा एवं संस्कार यात्रा के साथ हुआ। समापन समारोह में पूर्व नेता प्रतिपक्ष एवं जांजगीर-चांपा के पूर्व विधायक नारायण चंदेल मुख्य अतिथि के रूप में शामिल हुए। उन्होंने गुरु सहसराम देव को शिक्षा के माध्यम से सामाजिक परिवर्तन का ध्वजवाहक बताते हुए उनके योगदान को स्मरण किया।
नारायण चंदेल ने कहा कि गुरु सहसराम देव ने स्वतंत्रता पूर्व शिक्षा के अभाव वाले दौर में गांव-गांव विद्यालय स्थापित कराने तथा रात्रिकालीन शिक्षा की व्यवस्था कर समाज में शिक्षा का प्रकाश फैलाया। उन्होंने संसाधन विहीन क्षेत्रों में पीढ़ा पाठ के माध्यम से ग्रामीणों को शिक्षित करने का कार्य किया और सामाजिक विषमता के बीच समरसता एवं बंधुत्व स्थापित करने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाई। समारोह में जिला पंचायत सदस्य लोकेश राठौर अति विशिष्ट अतिथि के रूप में उपस्थित रहे। कार्यक्रम की अध्यक्षता सूर्यांश शिक्षा उत्थान समिति के संरक्षक एवं पूर्व नगर पालिका अध्यक्ष रमेश पैगवार ने की।
रहसबेड़ा से सूर्यांश धाम तक निकली भव्य शोभा यात्रा
जयंती समारोह का प्रमुख आकर्षण रहसबेड़ा खोखरा से सूर्यांश धाम तक निकाली गई विशाल शोभा एवं संस्कार यात्रा रही। शोभायात्रा गांव के प्रमुख मार्गों से होकर सूर्यांश धाम पहुंची, जहां श्रद्धालुओं ने गुरु सहसराम देव की प्रतिमा, पंच परमेश्वरों के चरण पादुका स्थल एवं सूर्यांश विजय स्तंभ का पूजन-अर्चन कर परिक्रमा की। यात्रा के दौरान श्रद्धालुओं और समाजजनों ने गुरु सहसराम देव के बताए मार्ग पर चलने का संकल्प लिया।
प्रतिभावान विद्यार्थियों और महिलाओं का सम्मान
समापन समारोह में विभिन्न क्षेत्रों में उत्कृष्ट प्रदर्शन करने वाले प्रतिभावान छात्र-छात्राओं को सम्मानित किया गया। गुरु सहसराम देव जयंती के अवसर पर आयोजित ऑनलाइन सामान्य ज्ञान प्रतियोगिता में प्रदेशभर के विद्यार्थियों ने हिस्सा लिया। देहरादून में आयोजित अखिल भारतीय कराटे प्रतियोगिता में स्वर्ण पदक जीतने वाली कौशीन सिंह गढ़ेवाल सहित कई प्रतिभावान विद्यार्थियों को स्मृति चिन्ह और प्रशस्ति पत्र देकर सम्मानित किया गया। वहीं उत्कृष्ट कार्य करने वाले स्व-सहायता समूहों को नारी सशक्तिकरण सम्मान से नवाजा गया।
सामान्य ज्ञान प्रतियोगिता में बेटियों का रहा दबदबा
आयोजकों के अनुसार सामान्य ज्ञान प्रतियोगिता में छात्राओं ने शानदार प्रदर्शन किया। प्रतियोगिता में सारागांव की प्रभा रानी सूर्यवंशी ने प्रथम स्थान प्राप्त किया। प्रतियोगिता के शीर्ष दस प्रतिभागियों को समारोह में सम्मानित किया गया।
सार्वजनिक शौचालय निर्माण की घोषणा
कार्यक्रम में जिला पंचायत सदस्य लोकेश राठौर ने गुरु सहसराम देव के सामाजिक योगदान को याद करते हुए उन्हें सामाजिक परिवर्तन का प्रणेता बताया। उन्होंने आगामी वर्षों में मेले को और अधिक सुव्यवस्थित बनाने के उद्देश्य से मेला स्थल पर सार्वजनिक शौचालय निर्माण कराने की घोषणा भी की।
जयंती पर विभिन्न स्थानों में हुआ पूजन-अर्चन
गुरु सहसराम देव की जयंती के अवसर पर समाज के विभिन्न क्षेत्रों में पूजन-अर्चन एवं पुष्पांजलि कार्यक्रम आयोजित किए गए। उनकी जन्मस्थली ग्राम जगमहंत में प्रतिमा पर श्रद्धांजलि अर्पित करने के साथ सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र में फल वितरण भी किया गया।
कार्यक्रम में समाज के पदाधिकारी, जनप्रतिनिधि, महिला स्व-सहायता समूहों के सदस्य, सूर्यांश शिक्षा उत्थान समिति के पदाधिकारी एवं बड़ी संख्या में समाजजन उपस्थित रहे।




