
जनपद मुख्यालय से महज एक किलोमीटर दूर सोंठी गांव में सड़क नहीं होने से ग्रामीणों को बारिश के बीच शव को कंधों पर उठाकर कीचड़ और बोराई नदी पार कर अंतिम संस्कार स्थल तक पहुंचाना पड़ा।
🔴 Aaj Ki Baat News | सक्ती
सक्ती जिले के ग्राम पंचायत सोंठी से बुनियादी सुविधाओं की बदहाली की एक मार्मिक तस्वीर सामने आई है। जनपद मुख्यालय से करीब एक किलोमीटर दूर बसे गांव में सड़क नहीं होने के कारण ग्रामीणों को एक बुजुर्ग महिला के शव को कंधों पर उठाकर कीचड़ और पानी से भरे रास्ते से गुजरते हुए अंतिम संस्कार स्थल तक ले जाना पड़ा। इस दौरान उन्हें बोराई नदी भी पार करनी पड़ी।
जानकारी के अनुसार, सोंठी निवासी कमलाबाई महंत (लगभग 60 वर्ष) का बीमारी के चलते निधन हो गया। शुक्रवार सुबह परिजन और ग्रामीण अंतिम संस्कार के लिए शव लेकर निकले, लेकिन लगातार बारिश के कारण श्मशान तक जाने वाला मार्ग पूरी तरह कीचड़ और दलदल में बदल चुका था। सड़क पर वाहन चलना तो दूर, पैदल चलना भी मुश्किल हो गया था।
कंधों पर शव लेकर तय किया एक किलोमीटर का सफर
मजबूरी में ग्रामीणों ने शव को अपने कंधों पर उठाया और घुटनों तक कीचड़ से होकर करीब एक किलोमीटर तक पैदल चले। इसके बाद पानी से भरी बोराई नदी पार कर वे अंतिम संस्कार स्थल तक पहुंचे। इस पूरी घटना ने ग्रामीण क्षेत्र में बुनियादी सुविधाओं की स्थिति पर गंभीर सवाल खड़े कर दिए हैं।
वर्षों से सड़क निर्माण की मांग
ग्रामीणों का कहना है कि रेलवे फाटक से बोराई नदी तक करीब एक किलोमीटर सड़क निर्माण की मांग कई वर्षों से की जा रही है। इसके लिए मनरेगा के तहत प्रस्ताव भी जनपद पंचायत को भेजा जा चुका है, लेकिन आज तक सड़क स्वीकृत नहीं हो सकी। ग्रामीणों का आरोप है कि हर बारिश में यही हालात बनते हैं और अंतिम संस्कार जैसे जरूरी कार्य भी मुश्किल हो जाते हैं।
प्रशासन पर फूटा ग्रामीणों का गुस्सा
घटना के बाद ग्रामीणों में जिला पंचायत और जनपद पंचायत के प्रति नाराजगी है। उनका कहना है कि बार-बार मांग के बावजूद सड़क निर्माण नहीं होने से हर वर्ष बरसात में लोगों को भारी परेशानियों का सामना करना पड़ता है। उनका कहना है कि बुनियादी सुविधाओं के अभाव में अपनों को सम्मानजनक अंतिम विदाई देना भी कठिन हो गया है।
क्या बोले जिम्मेदार अधिकारी?
ग्राम पंचायत सोंठी के सचिव रामनारायण सिदार ने बताया कि मिट्टी सड़क निर्माण का प्रस्ताव मनरेगा के तहत जनपद पंचायत में जमा किया जा चुका है। वहीं, जिला पंचायत सीईओ वासु जैन ने कहा कि मामले की जानकारी लेकर आवश्यक कार्रवाई की जाएगी।




