महिला आरक्षण के नाम पर ‘परिसीमन’ का जाल बुन रही भाजपा जांजगीर-चांपा में कांग्रेस नेताओं का बड़ा हमला

चुनावी लाभ के लिए महिलाओं को गुमराह कर रही केंद्र सरकार; विधायक ब्यास कश्यप
जांजगीर-चाम्पा: महिला आरक्षण और परिसीमन विधेयक को लेकर छिड़ी सियासी जंग अब जिला स्तर पर तेज हो गई है। जांजगीर-चांपा में कांग्रेस नेताओं ने एक साझा प्रेस वार्ता कर भाजपा पर तीखा हमला बोला है। कांग्रेस का आरोप है कि भाजपा का असली मकसद महिला आरक्षण देना नहीं, बल्कि ‘परिसीमन’ के बहाने अपना राजनीतिक एजेंडा साधना है।
“आरक्षण तो बहाना है, परिसीमन असली निशाना है”
जिला कांग्रेस कमेटी की सचिव श्रीमती नम्रता नामदेव ने भाजपा के प्रचार को सिरे से खारिज करते हुए कहा कि कांग्रेस हमेशा से महिलाओं को हक देने की समर्थक रही है। उन्होंने सवाल उठाया कि यदि केंद्र सरकार की मंशा साफ होती, तो परिसीमन का इंतजार किए बिना मौजूदा सीटों पर ही 33% आरक्षण तुरंत लागू किया जा सकता था।
पुराने आंकड़ों पर परिसीमन का क्या औचित्य
पूर्व जिलाध्यक्ष दिनेश शर्मा ने तकनीकी पहलुओं पर भाजपा को घेरते हुए कहा कि सरकार 2011 की पुरानी जनगणना के आधार पर परिसीमन थोपना चाहती है, जबकि नई जनगणना होने वाली है। उन्होंने तंज कसते हुए कहा कि भाजपा महिला आरक्षण को प्राथमिकता देने के बजाय परिसीमन को आगे रख रही है, जो समझ से परे है।
पंचायत से संसद तक कांग्रेस ने दिया अधिकार: ब्यास कश्यप
जांजगीर-चांपा विधायक ब्यास कश्यप ने याद दिलाया कि पंचायतों और निकायों में महिलाओं को आरक्षण देने की ऐतिहासिक शुरुआत कांग्रेस ने ही की थी। उन्होंने कहा, “आज लाखों महिला जनप्रतिनिधि कांग्रेस की दूरगामी सोच का परिणाम हैं। पांच राज्यों में चुनाव के बीच सांसदों को दिल्ली बुलाना और इस बिल को अचानक लाना सिर्फ महिला मतदाताओं को लुभाने का एक चुनावी स्टंट है।”
2026 की जनगणना तक इंतजार क्यों नहीं?
जिला कांग्रेस अध्यक्ष राजेश अग्रवाल ने भाजपा के आरोपों को ‘सफेद झूठ’ करार दिया। उन्होंने कहा कि 2001 में भाजपा के ही मंत्री अरुण जेटली ने कहा था कि 2026 की जनगणना के बाद इसे प्रभावी किया जाएगा, तो फिर अब अचानक इसे पटल पर रखकर भ्रम क्यों फैलाया जा रहा है? जनगणना के पूरे आंकड़े आने के बाद ही इस पर निर्णय लेना तर्कसंगत होता।
इनकी रही मौजूदगी
प्रेस वार्ता में जैजैपुर विधायक बालेश्वर साहू, पूर्व जिलाध्यक्ष रमेश पैगवार, नगर अध्यक्ष रामबिलास राठौर, यूथ कांग्रेस अध्यक्ष पंकज शुक्ला, भगवान दास गढ़ेवाल, रफीक सिद्धिकी, और शिशिर द्विवेदी सहित बड़ी संख्या में कांग्रेस कार्यकर्ता मौजूद रहे।




